किसानों को उर्वरक खाद उपलब्ध कराने के लिए फार्मर आईडी अनिवार्य किए जाने के विरोध में उर्वरक विक्रेता संघ ने रविवार को बहादुरगंज मार्केटिंग यार्ड में बैठक आयोजित की। बैठक में जिलेभर के उर्वरक विक्रेताओं ने भाग लेकर सरकार के इस निर्णय पर नाराजगी जताई।
विक्रेताओं ने कहा कि फार्मर आईडी की अनिवार्यता के कारण किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने में परेशानी उत्पन्न हो रही है। उनका कहना है कि अभी करीब 80 प्रतिशत किसानों का फार्मर आईडी नहीं बन पाया है, जिससे उर्वरक वितरण प्रभावित हो रहा है।
बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि 24 अगस्त से 31 अगस्त तक जिले के सभी उर्वरक विक्रेता अपनी-अपनी दुकानें बंद रखकर हड़ताल पर रहेंगे। संघ ने सरकार से फार्मर आईडी की अनिवार्यता पर पुनर्विचार करने और इस नियम को वापस लेने की मांग की है।
संघ के पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने फार्मर आईडी की अनिवार्यता समाप्त नहीं की तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। जरूरत पड़ने पर उर्वरक विक्रेता अनिश्चितकाल के लिए भी दुकानें बंद रख सकते हैं।
बैठक में जिलाध्यक्ष साहेब आलम, कोचाधामन प्रखंड अध्यक्ष फिरदौस आलम, बहादुरगंज अध्यक्ष वसीम अकरम, सोहेल आलम, रामाशंकर साह, राजा, लालबाबू, ठाकुरगंज से अमित सिन्हा, मोजिब आलम, पोठिया से अभिजीत घोष, विजय साह, संजीव, जफर आलम, आजाद आलम सहित जिले के सैकड़ों उर्वरक विक्रेता शामिल थे।
Post a Comment