लगातार हो रही बारिश ने टेढ़ागाछ प्रखंड की चिल्हनियां पंचायत के वार्ड संख्या-5 स्थित कास्त खर्रा गांव में जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। गांव के घरों, आंगनों और खेतों में पानी भर जाने से ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। खेतों में लगी धान की फसल पूरी तरह पानी में डूब गई है, जिससे किसानों के सामने भारी आर्थिक नुकसान का खतरा उत्पन्न हो गया है।
ग्रामीणों ने बताया कि जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण कई दिनों से बारिश का पानी गांव और कृषि भूमि में जमा है। इससे धान की फसल सड़ने लगी है। किसानों का कहना है कि यदि जल्द पानी की निकासी नहीं कराई गई तो पूरी फसल नष्ट हो सकती है।
जलभराव के कारण मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ गया है, जिससे डेंगू, मलेरिया सहित संक्रामक बीमारियों के फैलने की आशंका बनी हुई है। वहीं, कई रास्तों पर पानी भर जाने से आवागमन भी प्रभावित हो गया है और छोटे बच्चों के पानी में गिरने का खतरा बना हुआ है।
ग्रामीण विजय कुमार मंडल, रूपेश कुमार झा, सईदुल रहमान, अब्दुल रहमान, केसर आलम, अफसर आलम समेत अन्य लोगों ने प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों से तत्काल जल निकासी की व्यवस्था कराने और किसानों को राहत उपलब्ध कराने की मांग की है। उनका कहना है कि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ेगा और स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं भी गंभीर रूप ले सकती हैं।
Post a Comment