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किसान मजदूर संघ के स्थापना दिवस ने उठा खाद-बीज की कालाबाजारी और ग्रीनफील्ड टाउनशिप का मुद्दा

बिहार राज्य किसान मजदूर संघ का 27वां स्थापना दिवस शनिवार को स्थानीय टाउन हॉल में धूमधाम के साथ मनाया गया। इस अवसर पर जिले के विभिन्न प्रखंडों से बड़ी संख्या में किसान जुटे और अपनी समस्याओं को मंच के माध्यम से रखा। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष धीरेंद्र कुमार यादव ने की, जबकि मंच संचालन संघ के संस्थापक अनिरुद्ध मेहता ने किया। समारोह के दौरान किसानों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। इस मौके पर उपस्थित किसान नेताओं ने दूर-दराज से आए किसानों की समस्याएं सुनीं और उनके समाधान का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में खाद और बीज की कालाबाजारी का मुद्दा प्रमुख रूप से छाया रहा। किसानों ने आरोप लगाया कि बाजार में खाद और बीज ऊंचे दामों पर बेचे जा रहे हैं, जिससे उन्हें भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
सभा को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष धीरेंद्र कुमार यादव ने कहा कि पूर्णियां में किसान मजदूर संघ ने अपनी एक अलग पहचान बनाई है। उन्होंने कहा कि संघ लगातार किसानों के अधिकारों और समस्याओं को लेकर आंदोलन करता रहा है और इसके सकारात्मक परिणाम भी समय-समय पर सामने आए हैं। उन्होंने बताया कि अब संघ सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ समन्वय स्थापित कर किसानों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने की दिशा में काम करेगा। इसके साथ ही स्थानीय स्तर पर एक निगरानी समिति का गठन किया जाएगा, ताकि बिचौलियों की भूमिका को समाप्त किया जा सके और किसानों को सीधे लाभ मिल सके।
इस दौरान ग्रीनफील्ड सैटेलाइट टाउनशिप परियोजना को लेकर भी किसानों में नाराजगी देखने को मिली। जिलाध्यक्ष ने कहा कि विकास के नाम पर लगातार किसानों की उपजाऊ जमीन अधिग्रहित की जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कृत्यानंद नगर क्षेत्र में पहले एयरपोर्ट, उसके बाद ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे और फिर औद्योगिक क्षेत्र के लिए किसानों की जमीन ली गई, जो अत्यंत उपजाऊ है और साल में तीन फसल देती है।उन्होंने सरकार से मांग की कि इस तरह की परियोजनाओं के लिए बंजर जमीन का चयन किया जाए, ताकि किसानों की आजीविका पर असर न पड़े।
वहीं, संघ के संस्थापक अनिरुद्ध मेहता ने अपने संबोधन में कहा कि देश में सबसे अधिक कठिन परिस्थितियों का सामना किसान ही करते हैं। बाढ़, सुखाड़, अत्यधिक बारिश और भीषण गर्मी जैसी प्राकृतिक आपदाएं किसानों को लगातार प्रभावित करती हैं। इसके बावजूद सरकारी नीतियों के कारण किसान आज भी हाशिए पर हैं।
उन्होंने कृषि विभाग में व्याप्त भ्रष्टाचार पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि यह किसी से छिपा नहीं है। संघ किसानों के हक और अधिकार की लड़ाई आगे भी जारी रखेगा।
उन्होंने बताया कि संगठन द्वारा जिले के सभी प्रखंडों में कमिटी का गठन किया जा चुका है और अब आगामी पंचायत चुनाव में भी संघ अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करेगा, ताकि किसानों की आवाज सरकार और प्रशासन तक प्रभावी तरीके से पहुंचाई जा सके।
इस मौके पर शक्तिनाथ यादव, प्रेमलाल महतो, सुरेश सिंह कुशवाहा, ब्रजकिशोर ठाकुर, मो.इम्तियाज अंसारी, रसिक लाल पासवान, राजेन्द्र यादव, अशोक कुमार मंडल, हरिलाल पासवान, प्रेम किशोर सिंह, मनोज कुमार वर्मा,  शेलेंद्र कुमार सिंह सहित दर्जनों किसान उपस्थित थे।

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